जियो की वजह से टेलिकॉम में हुआ प्राइस वॉर अब डिजिटल ‘दुकानों पर खतरा

जिस दौर में हर कंपनी का काम ठप हुआ पड़ा है, उस दौर में दुनिया की तमाम दिग्गज कंपनियां मुकेश अंबानी के जियो प्लेटफॉम्र्स में निवेश करने में लगी हुई हैं। कहीं इस बार भी मुकेश अंबानी रिलायंस जियो की तरह कुछ बड़ा लाने की तैयारी में तो नहीं?

नई दिल्ली । पहले फेसबुक ने 43,534 करोड़ रुपये, फिर सिल्वर लेक ने 5655 करोड़ रुपये और अब विस्टा ने 11,367 करोड़ रुपए जियो में लगाए हैं। लॉकडाउन में बहुत सी कंपनियां अपने कारोबार रोक कर बैठी हैं, लेकिन जियो प्लेटफॉम्र्स से एक के बाद एक दिग्गज कंपनी जुड़ती ही जा रही हैं। सवाल ये है कि कुछ दिन पहले तक तो ऐसा कुछ नहीं था, ये अचानक लॉकडाउन में मुकेश अंबानी को क्या सूझा कि वह दिग्गज कंपनियों से डील करते ही जा रहे हैं? सितंबर 2016 में जब मुकेश अंबानी ने रिलायंस जियो लॉन्च किया था, तो क्या हुआ था वह तो सबको याद ही होगा। टेलिकॉम कंपनियों में प्राइस वॉर शुरू हो गया था, जिसकी वजह से आज डेटा बेहद सस्ता हो चुका है। जिस तरह जियो ने टेलिकॉम इंडस्ट्री में खलबली ला दी थी, यूं लग रहा है कि अब वह डिजिटल वल्र्ड में कोई भूचाल लाने की तैयारी में है।
डिजिटल वॉलेट पर मंडरा रहा खतरा-मौजूदा समय में गूगल पे, फोन पे, पेटीएम जैसे वॉलेट खूब चल रहे हैं। रिलायंस जियो ने भी जियो मनी नाम का एक वॉलेट शुरू किया था, लेकिन उसका इस्तेमाल करने वाले दिखते नहीं। तो क्या आपको ये लगता है कि जिस मुकेश अंबानी रिलायंस जियो धुआंधार चल रहा है, जिसने कई कंपनियां बंद तक करा दीं, उसका जियो मनी ठप हो गया? इसकी संभावना कम ही है। अब जिस तरह के एक के बाद एक तमाम कंपनियां जियो प्लेटफॉम्र्स में निवेश कर रही हैं, उससे लगता है कि वह एक बार फिर वॉलेट की तरफ बढ़ेंगे। फेसबुक भी काफी समय से वाट्सऐप पे लाने की कोशिश में है, हो सकता है कि जियो की मदद से वह भी मुमकिन हो जाए। अगर ऐसा होता है तो मौजूदा वॉलेट और यूपीआई पे वाली सुविधाएं देने वालों पर खतरा मंडरा सकता है।ब्रॉडबैंड की कंपनियों पर बढ़ेगा खतरा-जब से जियो का गिगाफाइबर लॉन्च हुआ है, तब से ब्रॉडबैंड कंपनियां पहले ही सहमी हुई हैं, लेकिन उनके लिए राहत की बात ये है कि गिगाफाइबर हर जगह नहीं पहुंच सका है। लॉकडाउन के दौरान मुकेश अंबानी को भी इस बात का अंदाजा अच्छे से हो गया है कि डिजिटल बिजनेस से उन्हें खूब फायदा होगा। मुमकिन है कि जियो प्लेटफॉम्र्स में निवेश बढऩे के साथ ही ब्रॉडबैंड को लेकर वह अपनी रणनीति को और मजबूत कर दे और जिस तरह आज हर गली-मोहल्ले में रिलायंस जियो के यूजर हैं, वैसे ही हर जगह जियो गिगाफाइबर भी होगा। बता दें कि जिन इलाकों में गिगाफाइबर नहीं हैं या जहां बहुत ही कम प्लेयर्स हैं, वह इस बात का खूब फायदा उठाते हैं और ग्राहकों से अधिक पैसे वसूलते हैं। जियो टीवी का कमाल भी दिखेगा-मौजूद समय में आप अगर जियो टीवी की बात करें तो बहुत कम लोग उसे इस्तेमाल करते हैं, लेकिन आपको याद होगा कि जियो ने गिगाफाइबर के साथ ही जियो के सेट टॉप बॉक्स वाला इंटरनेट टीवी लाने की बात की थी। कुछ-कुछ जगहों पर लोग इसका इस्तेमाल कर भी रहे हैं, लेकिन बहुत ही बड़ा मार्केट अभी भी छूटा हुआ है। बता दें कि जियो टीवी भी जियो प्लेटफॉम्र्स का ही एक प्रोडक्ट है और हो सकता है कि तमाम कंपनियों के निवेश के बाद कंपनी अपने इस प्रोडक्ट को मजबूत बनाने में अपनी पूरी ताकत झोंक दे।फस्र्ट डे फस्र्ट शो एट होम-मुकेश अंबानी काफी पहले ही ये कह चुके हैं कि वह जल्द ही फस्र्ट डे फस्र्ट शो एट होम पर काम करने वाले हैं। यानी जिस दिन कोई फिल्म रिलीज होगी, उसी दिन आप घर में वह फिल्म देख सकते हैं। इसके लिए वह कितने पैसे लेंगे या क्या रणनीति है, अभी ये तो पता नहीं, लेकिन हो सकता है कंपनी में निवेश बढऩे के बाद वह इस पर भी काम करें। वैसे भी, लॉकडाउन में हर कोई घर में बैठा है और ऐसे में अगर घर बैठे मूवीज़ देखने का मौका मिले तो इससे अच्छा क्या होगा। कोरोना का असर खत्म होने के बाद भी उम्मीद है कि लंबे समय तक लोग भीड़-भाड़ वाली जगहों पर जाने से कतराएंगे। ऐसे में सिनेमाहॉल के ग्राहकों में कमी आना जायज है, लेकिन ये मौका मुकेश अंबानी के लिए बड़ी बिजनेस अपॉच्र्युनिटी है। एक बात तो साफ है कि मुकेश अंबानी कुछ बड़ा सोच रहे हैं, तभी तो इतनी सारी कंपनियां जियो प्लेटफॉर्म में निवेश कर रही हैं। मुकेश अंबानी देश के सबसे अमीर शख्स हैं, आखिर उन्हें पैसों की ऐसी कौन सी जरूरत जो पूरी नहीं हो पा रही हैं, लेकिन फिर भी वह डील के बाद डील किए जा रहे हैं, जो इशारा कर रहा है कि कुछ बड़ा होने वाला है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *