शाहरुख खान की मीर फाउंडेशन ने विकलांग व्यक्तियों के अंतर्राष्ट्रीय दिवस पर पैरा एथलीटों को दान की व्हीलचेयर!

  • हाल ही में एशियाई पैरा खेल 2018 में भारतीय आकस्मिक के लिए पीसीआई सेंड-ऑफ में भाग लेने वाले सुपरस्टार शाहरुख खान ने दीपा मलिक के साथ आगे बढ़ कर पैरा-एथलीटों को अपना समर्थन दिया है। अभिनेता ने खेल के लिए उत्साह दिखाने वाले लोगों के प्रति अपना समर्थन दिखाते हुए एथलीट को 50 व्हीलचेयर दान किये हैं।शाहरुख सक्रिय रूप से ज़रूरतमंद लोगों को अपना समर्थन देते आये है और अपनी गैर-लाभकारी संगठन मीर फाउंडेशन के साथ मिलकर उन कारणों को उजागर करने के प्रति काम कर रहे है जिन पर अधिक ध्यान देने की आवश्यकता हैं।पैरालीम्पिक खेलों में पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला दीपा मलिक भी शाहरुख खान के साथ एशियाई पैरा खेल की सेंड-ऑफ में शरीक हुई थी और शाहरुख खान के साथ अपनी फाउंडेशन व्हीलिंग हैप्पीनेस के माध्यम से सक्रिय रूप से अपना समर्थन प्रदान करते आई है।इस बारे में बात करते हुए शाहरुख खान ने कहा, “इस तरह के धार्मिक कार्य के लिए दीपा मलिक के साथ सहयोग करना एक विशेषाधिकार है। वह सिर्फ कई लोगों के लिए एक प्रेरणा नहीं है बल्कि खुद का एक प्रतिबिंब है क्योंकि हम सभी किसी ना किसी मायने में अधूरे होते है, यह केवल इस बात पर निर्भर करता है कि हम अपनी अपूर्णताओं को कैसे गले लगाते हैं और अपने लक्ष्यों को प्राप्त करते हैं। भविष्य के पैरा-एथलीटों का अभिनंदन करते हुए, हम पैरालाम्पिक्स में भारत का प्रतिनिधित्व करने के सपने को प्राप्त करने की दिशा में कदम बढ़ा रहे है।”व्हीलिंग हैप्पीनेस फाउंडेशन की सह-संस्थापक दीपा मलिक ने इस एसोसिएशन पर अपने विचार साझा करते हुए कहा,” यह शाहरुख खान की मीर फाउंडेशन द्वारा समानतापूर्ण कदम है जिन्होंने पैराथलेट को सक्षम करने के लिए व्हीलिंग हैप्पीनेस के प्रति अपना समर्थन बढ़ाया है क्योंकि यह न केवल उन्हें सुविधाजनक बनाता है बल्कि उनके आत्मविश्वास को भी बढ़ावा देता है। “मीर फाउंडेशन एक गैर-लाभकारी संगठन है जिसका लक्ष्य जमीन के स्तर पर परिवर्तन को प्रभावित करना और महिलाओं को शक्ति प्रदान करने वाली दुनिया बनाने के हित मे काम करना है।महिला सशक्तिकरण के तहत प्रमुख फोकस क्षेत्रों में से एक देश भर में एसिड अटैक का शिकार हुए लोगों को समर्थन प्रदान करना रहा है। मीर फाउंडेशन 360 डिग्री के दृष्टिकोण के माध्यम से एसिड हमलों और प्रमुख जली हुई चोट से पीड़ितों को समर्थन प्रदान करता है जो उन्हें उनके चिकित्सा उपचार, कानूनी सहायता, व्यावसायिक प्रशिक्षण के साथ-साथ पुनर्वास और आजीविका समर्थन में मदद करता है।फाउंडेशन का प्रयास केवल एसिड हमले के पीड़ितों की मदद करने तक ही सीमित नहीं हैं। फाउंडेशन ने देश भर के कई अस्पतालों में महिलाओं और बच्चों के लिए उपचार और सर्जरी स्पोंसर की है। इसके अलावा, मीर फाउंडेशन ने स्वास्थ्य शिविर, फिल्म स्क्रीनिंग और दिव्यांग महिलाओं और बच्चों के लिए इवेंट आयोजन करने में भी मदद की है।हाल ही में, मीर फाउंडेशन ने केरल बाढ़ के पीड़ितों को भारी मात्रा में दान कर के उनके प्रति मदद का हाथ बढ़ाया था।

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