गणतंत्र दिवस समारोह के लिए टैंट का सामान लाते स्कूली छात्र की हादसे में मौत

श्रीगंगानगर, 30 जनवरी (का.सं.)। सरकारी स्कूल में गणतंत्र दिवस का समारोह मनाने के लिए अध्यापक ने दो स्कूली छात्रों को मोटरसाइकिल देकर टैंट हाऊस से सामान लाने के लिए भेज दिया। 15-16 वर्ष के यह दोनों स्कूली छात्र टैंट हाऊस से लोहे की पाइपें एवं पर्दे लेकर वापिस स्कूल की तरफ जा रहे थे। रास्ते में कार से टक्कर हो गई। मोटरसाइकिल चला रहा छात्र गम्भीर घायल हो गया, जबकि दूसरे छात्र के मामूली चोट आई। गम्भीर घायल छात्र की इलाज के दौरान मौत हो गई। यह दोनों छात्र नाबालिग थे, फिर भी स्कूल के एक अध्यापक ने उसे न केवल अपना मोटरसाइकिल चलाने के लिए दे दिया, बल्कि उसी पर ही सामान लाने के लिए भी कहा। मृतक छात्र के परिवार वाले शोक में डूबे हुए हैं। लापरवाही से हुई स्कूली छात्र की मौत का यह गम्भीर मामला श्रीगंगानगर जिले के समेजा कोठी थाना क्षेत्र का है। पुलिस ने बताया कि भातीवाला निवासी नरेन्द्र (16) पुत्र रोहिताश तथा भवानीसिंह (15) गांव के ही सरकारी स्कूल में पढ़ते थे। विगत 26 जनवरी को स्कूल में गणतंत्र दिवस का समारोह मनाया जाना था। उसी दिन सुबह इन दोनों छात्रों को स्कूल के ही एक मास्टर ने मोटरसाइकिल देकर निकटवर्ती चक 3 एलपीएम में एक टैंट हाऊस से सामान लाने के लिए भेज दिया। जाते हुए मोटरसाइकिल भवानीसिंह ने चलाया और आते हुए नरेन्द्र ने मोटरसाइकिल चलाया। भवानी पीछे पाइपें पकड़कर बैठ गया। टैंट हाऊस के पर्दे नरेन्द्र ने अपने आगे टेंकी पर रख लिये। चक 3 एलपीएम से रवाना होने के कुछ ही देर बाद सामने से आ रही कार के साथ इनकी टक्कर हो गई। पुलिस ने बताया कि यह टक्कर इतनी जोर से हुई कि नरेन्द्र सिंह सिर के बल सड़क पर आ गिरा। उसका सिर फट गया। भवानीसिंह के मामूली चोटें आईं, जिस कारण उसे उसी दिन ही शाम को हॉस्पीटल से छुट्टी मिल गई। गम्भीर हुए नरेन्द्र सिंह को श्रीगंगानगर के एक निजी अस्पताल में भर्ती करवाया गया। डॉक्टरों के जवाब दे देने पर उसे परिवार वाले जयपुर मेें ले गये। वहां भी डॉक्टरों ने उसकी हालत बेहद नाजुक देखते हुए जवाब दे दिया। तत्पश्चात् परिजन उसे लेकर बीकानेर आ गये। मंगलवार को नरेन्द्र की मौत हो गई। उसके पिता रोहिताश द्वारा दी गई रिपोर्ट के आधार पर मर्ग दर्ज की गई है। यह मामला इसलिए गम्भीर है कि दो नाबालिग स्कूली छात्रों को मोटरसाइकिल पर सामान लाने के लिए भेज दिया गया और वे हादसे का शिकार हो गये।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *