कौन क्या बनेगा, इसका फैसला हाईकमान करता है, हमारे सुझावों पर सोनिया गांधी जल्द लेंगी फैसला

पायलट ने दिए सरकार-संगठन में बड़े बदलाव के संकेत

जयपुर (कासं.)। राजस्थान कांग्रेस में चल रही खींचतान के बीच सत्ता संगठन में बदलाव की चर्चाओं को सचिन पायलट के बयान से एक बार फिर बल मिलने के आसार हैं। सचिन पायलट ने बेंगलुरू में मीडिया से बातचीत में कहा कि कौन क्या बनेगा, कौन प्रदेशााध्यक्ष बनेगा, कौन मंत्री बनेगा, कौन मुख्यमंत्री बनेगा ये फैसला कांग्रेस हाईकमान करता है। इसलिए इंतजार कीजिए। पायलट के इस बयान को मंत्रिमंडल फेरबदल और संगठन में नियुक्तियों से जोड़कर देखा जा रहा है। इस बयान से पायलट ने सरकार और संगठन में बड़े बदलाव का संकेत दिया है। मंत्रिमंडल फेरबदल को हरी झंडी मिलने के सवाल पर पायलट ने कहा कि मैंने ऐसी रिपोर्ट नहीं देखी। राजस्थान के प्रभारी अजय माकन ने विधायकों, वरिष्ठ नेताओं के साथ कई दौर की बातचीत की है। हम संपर्क में हैं, जो भी होगा वह सामने आ जाएगा। सुलह कमेटी को लेकर पायलट ने कहा कि पिछले साल कमेटी बनी थी, उसमें से अहमद पटेल का देहांत हो गया, लेकिन कमेटी के दो सदस्य हैं। हमने उन्हें जो कुछ कहा है, वह चाहे कांग्रेस के कामकाज में सुधार की बात हो और अन्य मुद्द हों सब पर बात रखी है। पिछले 25 साल में राजस्थान में सरकार रिपीट नहीं हुई। हमारे लिए हर चुनाव जीतना महत्वपूर्ण है। हमें जो लगता था, हमने कमेटी को सुझाव दिए थे, उन सुझावों को कमेटी ने कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के सामने रखा हे। कांग्रेस अध्यक्ष उन विचारों पर संज्ञान लेंगी। पायलट ने कहा कि हम चाहते हैं कि हर कार्यकर्ता सरकार में अपनी भागीदारी महसूस करे। सरकार में कार्यकर्ता की भागीदारी सुनिश्चित होनी चाहिए, इससे हमें विश्वास है कि अगले चुनाव में कांग्रेस जीतेगी। उन मुद्दों पर काम चल रहा है। गुजरात का प्रभारी महासचिव बनाए जाने के सवाल पर पायलट ने कहा- ये सब अटकलें हैं, हमें एआईसीसी की घोषणा का इंतजार करना चाहिए। कमेटी को बने हुए एक साल हो गया है। कई स्तर पर मंथन हुआ है। हम चाहते हैं कि सरकार और संगठन मिलकर काम करे, घोषणा पत्र में किए वादे पूरे करें ताकि 2023 में सरकार रिपीट हो सके। अभी भी बहुमत की सरकार है, लेकिन आगे हम और बड़े बहुमत के साथ आ सकें। पायलट ने कहा कि हम जो कुछ कहते हैं, पार्टी हित में कहते हैं। हमारा मकसद यही रहता है कि कांग्रेस मजबूत हो। मैं सात साल प्रदेशाध्यक्ष रहा। इस दौरान विधानसभा-लोकसभा के उपचुनाव हों, नगर पालिका, ग्राम पंचायत, मंडी, फूल मंडी, कॉपरेटिव सब चुनावों में पार्टी मजबूती से लड़ी। चुनाव केवल लोकसभा-विधानसभा के ही नहीं होते, वार्ड, पंचायत और फूल मंडी तक के चुनाव जनता के चुनाव होते हैं। पायलट ने कहा कि यह सर्वमान्य बात है कि देश के स्तर पर केवल कांग्रेस ही बीजेपी का मुकाबला कर उसे हरा सकती है। लोकसभा चुनाव के लिए सभी समान विचारधारा के दलों को छाटे-मोटे विरोध भुलाकर साथ आकर लडऩा चाहिए।

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