उद्धव ठाकरे ने ली महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पद की शपथ

मुंबई, 28 नवम्बर (एजेंसी)। महाराष्ट्र की राजनीति की दिशा तय हो गई है। 21 अक्टूबर को चुनाव होने और 24 अक्टूबर को नतीजे आने के बाद एक महीने तक हुई उठापटक पर ब्रेक लग गया है। हालांकि जनता ने भाजपा और शिवसेना के गठबंधन पर मोहर लगाई थी, लेकिन मुख्यमंत्री के कार्यकाल के लिए 50-50 फॉर्मूले पर सहमति नहीं बनने से मामला बिगड़ गया। इसके बाद सत्ता के संघर्ष में कई तरह की चालें चली गईं। अंत हुआ शिवसेना, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) और कांग्रेस के बीच गठबंधन के साथ। शिवसेना से विधायक दल के नेता एकनाथ शिंदे और सुभाष देसाई ने मंत्री पद की शपथ ली। राकांपा से विधायक दल के नेता जयंत पाटिल और छगन भुजबल ने शपथ ली। सोनिया गांधी ने यह भी कहा कि शिवसेना, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) और कांग्रेस ऐसे असाधारण परिस्थितियों में एक साथ आए हैं, जब देश को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) से अभूतपूर्व खतरों का सामना करना पड़ रहा है। इससे पहले राहुल गांधी से यह पूछे जाने पर कि क्या वह शपथ ग्रहण समारोह में जाएंगे? उन्होंने चुटकी लेते हुए कहा, कुछ सस्पेंस बना रहना चाहिए। कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया और उनके बेटे राहुल गांधी ने समारोह से बनाई दूरी। ठाकरे को भेजे एक पत्र में सोनिया ने कहा, आदित्य ठाकरे (उद्धव ठाकरे के बेटे) कल (बुधवार को) मुझसे मिले और मुंबई में होने जा रहे आपके शपथ ग्रहण समारोह के लिए निमंत्रण दिया। मुझे खेद है कि मैं कार्यक्रम में नहीं आ पाऊंगी।
उद्धव ठाकरे ने ली महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पद की शपथ, रायपाल भगत सिंह कोश्यारी ने दिलाई पद व गोपनीयता की शपथ : एनसीपी-कांग्रेस-शिवसेना गठबंधन सरकार का कॉमन मिनिमम प्रोग्राम (सीएमपी) जारी। इसमें किसानों को तत्काल सहायता व ऋण माफी, रोजगार, शिक्षा, शहरी विकास, पर्यटन, कला, संस्कृति और महिलाओं के मुद्दे पर काम करने का वादा। सरकार सभी धर्म, जाति, पंथ के लोगों के लिए काम करेगी। सरकारी विभागों में खाली पड़े पदों को तत्काल भरा जाएगा। मौजूदा और नई कंपनियों में स्थानीय लोगों को 80 फीसदी आरक्षण देने संबंधी कानून लाया जाएगा। कांग्रेस की ओर से जो दो मंत्री शपथ लेने वाले हैं, उनमें बड़ा बदलाव किया गया है। पूर्व मुख्यमंत्री अशोक चव्हाण अब मंत्री पद की शपथ नहीं लेंगे, बल्कि उनकी जगह नितिन राउत शपथ लेंगे। सूत्रों ने बताया कि आलाकमान ने तया किया है जो मुख्यमंत्री रहे हैं वे मंत्री पद की शपथ नहीं लेंगे। महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के प्रमुख राज ठाकरे आज शाम उद्धव ठाकरे के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होंगे। आपको बताते जाए कि राज ठाकरे उद्धव के चचेरे भाई हैं, कुछ साल पहले उन्होंने शिवसेना से अलग होकर अपनी पार्टी बना ली थी। अपने चाचा शरद पवार के घर से बाहर निकलते ही अजित पवार ने कहा कि वह आज शपथ नहीं ले रहे हैं। आपको बताते जाए कि डिप्टी सीएम का पद एनसीपी के खाते में गया है। अजित पवार और प्रफुल्ल पटेल एक लंबी बैठक के बाद शरद पवार के घर से निकल गए हैं। उद्धव ठाकरे के शपथ ग्रहण से पहले बड़ी हलचल देखने को मिल रही है। अजित पवार अपने चाचा शरद पवार के घर पहुंच गए हैं। लगता है बड़ा एलान हो सकता है। महाराष्ट्र कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष बालासाहेब थोराट ने कहा कि यह सरकार 5 साल चलेगी और जो कॉमन मिनिमम प्रोग्राम तय किया गया उसके हिसाब से चलेगी। उन्होंने कहा कि अलग-अलग विचारधाराओं के बावजूद भी कोई परेशानी होने वाली नहीं है। बीजेपी के बयानों को लेकर उन्होंने कहा कि वह अब विपक्षी पार्टी है और उनका काम ऐसी बातें करना है। रिमोट कंट्रोल के मुद्दे पर बालासाहेब थोराट ने कहा कि यहां कोई रिमोट कंट्रोल नहीं है, इस सरकार में सब मिलजुल कर के काम करेंगे। सूत्रों ने बताया कि एनसीपी की ओर से अजित पवार को उपमुख्यमंत्री बनाया जाएगा। डीएमके अध्यक्ष एमके स्टालिन मुंबई पहुंच गए हैं। वे आज शिवसेना प्रमुख और महा विकास अघाड़ी उद्धव ठाकरे के नेतृत्व में राय की नई सरकार के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होंगे। शिवाजी पार्क में स्थित शिवसेना के संस्थापक बाल ठाकरे के समाधि स्थल को आज सजाया गया है। मुंबई के शिवाजी पार्क में ‘शनिवार वाड़ा के तर्ज पर मंच बनाया गया है। शपथ ग्रहण के लिए तैयारियां जोरों से चल रही हैं। आपको बताते जाए कि शनिवार वाड़ा, पुणे में है और वो जगह है जहां से पेशवाओं का राज चलता था। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पद की शपथ आज उद्धव ठाकरे लेने जा रहे हैं। वे महाराष्ट्र के 18वें सीएम होंगे।वे अपना शपथ ग्रहण समारोह शिवाजी पार्क में शाम 6 बजकर चालीस मिनट पर लेंगे। विधानसभा चुनाव में 56 सीटें जीतने वाली शिवसेना एनसीपी और कांग्रेस के साथ सरकार बनाने जा रही है। उद्धव ठाकरे के साथ तीनों ही पार्टियों के दो-दो नेता भी शपथ लेंगे। इस शपथ ग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, गृहमंत्री अमित शाह, कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी, राहुल गांधी, ममता बनर्जी, अरविन्द केजरीवाल, मध्यप्रदेश, राजस्थान, पंजाब, बिहार, छत्तीसगढ के मुख्यमंत्रियों को बुलाया गया है। बारामती, धुले और सोलापुर के किसान अजित पवार के घर के बाहर पहुंच गए हैं। किसानों की मांग है कि अजित पवार को डिप्टी सीएम बनाया जाए, अगर ऐसा नहीं होता है तो वह धरने पर बैठ जाएंगे। मुंबई का शिवाजी पार्क गुरुवार को एक और ऐतिहासिक क्षण का साक्षी बन जाएगा। यह पहला मौका होगा कि पिछले कई दशकों से महाराष्ट्र की राजनीति को नियंत्रित करने वाले ठाकरे परिवार का कोई व्यक्ति पहली बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेगा। इसे यादगार बनाने के लिए शिवसेना ने व्यापक तैयारियां की हैं। एक तरह से पार्टी अपना शक्ति प्रदर्शन करना चाहती है। उद्धव के साथ और कौन-कौन शपथ लेगा, यह अभी साफ नहीं हुआ है। प्रफुल्ल पटेल ने कहा कि उद्धव के साथ तीनों पार्टियों के दो-दो मंत्री शपथ लेंगे।

 

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